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Saturday, 22 August 2009

किस!!!

किस किस्सकी महफिल में..
किस किस्सने किस किस्सको किस-किस तरह किस किया...
एक हम है जिसने हर किस को मिस किया..
और एक आप हो जिसने हर मिस को किस किया..

Saturday, 8 March 2008

सस्ता शेर : THE MOST MALE DOMINATED BLOG TODAY?

दोस्तो बड़े तह्ज़ीबो -तमद्दुन से बैनुलक्वामी सतह पे' वीमंस - डे ' मनाया जा रया है मगर इस अहम् दिन का ये ढलता सूरज जो अनसुलझे सवालात छोडे जा रया है उनमे एक ये भी है के 'सस्ता शेर ' की दिनों दिन तरक्की के बावुजूद खावातीन की भागीदारी इसमे कभी नज़र नही आन पाई है । मैंने कल भी ये सवाल उठाने की गुस्ताखी की थी मगर लहजे की 'संसकिरती खनक ' हजरात को शायद रास न आई । बहरहाल पूरी शिद्दत से आज भी मैं वही सवाल उठाने की हिमाकत यहाँ कर रया हूँ के भई ' ये सस्ता शेर अमरीकनो की stag - party के मानिंद एक मेल- डोमेन क्यों बना है और एकाध मर्तबा की जाने दें तो कभी कोई ' ब्लोगेश वरी ' या कहें के 'ब्लॉग कन्या ' या के ब्लोगान्गना कभी क्यों इधर का रुख भूले से भी नहीं करतीं ? ये एक ऐसा सवाल है हजरात जिस से आज नहीं तो कल हमें जूझने की ज़ुरूरत पड़ेगी । सो अपने चाक गिरेबान में झाँक कर यहाँ मौजूद तमाम ब्लौगाधीश , ब्लूगिस्तान के नामचीन कमानदार अब बड़ी नेकनीयती और साफगोई से इज़हारे ख़याल करेंगे ऐसी उम्मीद हम कर रए हैं तो क्या ग़लत कर रए हैं?

Monday, 31 December 2007

KASAULI(HIMACHAL) ME EK BOARD PE LIKHI IBARAT

FUCK FEAR ,
DRINK BEER,
HAPPY NEW YEAR.

Tuesday, 11 December 2007

हिसाब बरोब्बर

१२ नवम्बर को विमल वर्मा जी ने एस एम एस वाली एक अदभुत कविता लगाई थी। आज मुझे एक सज्जन ने उसी का लम्बा वर्ज़न भेज डाला। कुछ जादै सस्ता हैगा:


मैं कल रास्ते में था

कि मेरी चप्पल टूट गई

अब चप्पल तो मोची सीता है

सीता तो दर्ज़ी भी है

दर्ज़ी तो कपडे सीता है

कपडे तो रंगीन होते हैं

रंगीन तो मग भी होता है

मग तो बाथरूम में होता है

बाथरूम में नल भी होता है

नल तो लोहे का होता है

लोहे की तो इस्तरी होती है

इस्तरी तो गरम होती है

गरम तो कस्टर्ड भी होता है

कस्टर्ड तो पीला होता है

पीला तो चूज़ा भी होता है

चूज़ा तो अण्डे से निकलता है

अन्डा तो सफ़ेद होता है

सफ़ेद तो दूध भी होता है

दूध तो भैंस देती है

भैंस तो काली होती है

काला तो बंगाली भी होता है

बंगाली तो पान खाता है

पान तो लाल होता है

लाल तो गुलाब भी होता है

गुलाब में तो कांटे होते हैं

कांटे तो मछ्ली में भई होते हैं

मछ्ली तो अच्छी होती है

अच्छा तो बन्दर भी होता है

बन्दर तो बन्दर होता है

पढ्ने वाले भी तो बन्दर होते हैं

जो पढ के अपना टाइम बरबाद करते हैं

...

खैर ऊपर वाले ने आप को भेजा तो भेजा

पर भेजा तो ऐसा भेजा

कि
भेजे में भेजा नहीं भेजा
...

ये मुझे किसी और ने भेजा

इस लिए मैंने आपको भेजा ।

आप को बुरा लगा?

तो आप किसी और को भेज दो

...

हिसाब

बरोब्बर